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IMPORTANT INFORMATION FOR All Office Bearer of AISMA ( ALL INDIA STATION MASTER ASSOCIATION )

Dear All Office Bearer of AISMA ,                                                            If you want to publish any news or any I...

Sep 11, 2018

ऑल इंडिया स्टेशन मास्टर एसोसिएशन की एग्जीक्युटिव कमेटी की बैठक आयोजित

मांगो को लेकर देशभर के स्टेशन मास्टर दिल्ली में करेगे प्रदर्शन




Station Masters Demand 'stress,safety' allowance




सितेंद्र बने ऑल इंडिया स्टेशन मास्टर यूनियन के फिरोजपुर डिविजन प्रधान


Sep 9, 2018

Divisional meeting at PTKC of FZR division










Aug 14, 2018

RBE No. 111/2018 Timely filling up of vacancies by General Departmental Competitive Examination (GDCE) and Limited Departmental Competitive Examination (LDCE).



RBE 111/2018
GOVERNMENT OF INDIA
MINISTRY OF RAILWAYS
(RAILWAY BOARD)
No.E(NG)I/2018/PM 1/23                                                                                New Delhi, dated August 2, 2018
The General Managers
All Zonal Railways &
Production Units
(as per standard list)
Sub: Timely filling up of vacancies by General Departmental Competitive Examination (GDCE) and Limited Departmental Competitive Examination (LDCE).

RBE 101/2018 - Grant of Advances- Seventh Central Pay Commission recommendations- Amendment to rules on House Building Advance (HBA) to Railway servants

RBE No. 101/2018
PC-VII No.: 108/2018
Government of India (Bharat Sarkar)
Ministry of Railways (Rail Mantralaya)
(Railway Board)
No. F(E)Spi./2008/ADV.J/6 (7th CPC)                                    New Delhi, Dated: 13 .07.2018
The General Managers and PFAs
All Indian Railways & Production Units
(As per standard list)
******
Subject: Grant of Advances- Seventh Central Pay Commission recommendations- Amendment to rules on House Building Advance (HBA) to Railway servants.

Inclusion of a Parent as well as “Medical Attendant” in Special Passes issued on medical grounds in favour of minor children of railway employees.

RBE No.: 104/2018
ADVANCE CORRECTION SLIP No.: 77
Government of lndia
Ministry of Railways
(Railway Board)
N o.E(W)2015/PS5-1/1                                                                                            New Delhi, dated 03.08.2018
The General Managers (P)
All Zonal Railways &
Production Units.
Sub: Inclusion of a Parent as well as “Medical Attendant” in Special Passes issued on medical grounds in favour of minor children of railway employees.
In the PNM/AIRF Meeting with Board, the Federation had raised the issue regarding non-inclusion of a parent in the Special Passes issued for outstation medical treatment of children of railway employees due to absence of necessary provision in the extant Pass Rules.
2. The issue has been examined in detail and in order to obviate the difficulties in such cases, it has been decided with the approval of the Competent Authority to incorporate the following provision in Schedule VII (Special Passes) of the Railway Servants (Pass) Rules, 1986 (Second Edition- 1993) as item No.5 (below Note of Item No.4) under Column 3.‘Entitlement/facilities’:-
“5. In case of minor children (i.e. boys under the age of 15 years and girls under the age of 18 years), if referred to outstation hospitals for medical treatment, Special Passes in favour of (i) railway servant or his/her spouse, (ii) minor child requiring treatment and (iii) a Medical Attendant (who may be a family member or dependent or any other person) will be issued. The pass will ordinarily be issued for the class of entitlement of the railway servant on privilege account or in higher class, if otherwise admissible under these rules.”
3. This issues with the concurrence of Finance Directorate of Ministry of Railways.
N o.E(W)2015/PS5-1/1
(V. Muralidharan)
Dy. Director Estt.(Welfare)-1
Railway Board
New Delhi, dated 03.08.2018

Aug 13, 2018

डियूटी में रहकर स्टेशन मास्टरों ने की हड़ताल ( यह खबर दूसरी भाषा में भी पढिए )

7वां वेतन आयोग: देशभर के स्टेशन मास्टर गए 24 घंटे ...



7 वें वेतन आयोग अनियमितता का आरोप लगाते हुए भारतीय रेलवे के हजारों स्टेशन मास्टर शनिवार को हड़ताल पर चले गए हैं. ऑल इंडिया स्टेशन मास्टर्स एसोसिएशन ने 24 घंटे की हड़ताल बुलाई है. स्टेशन मास्टर का आरोप है कि सातवें वेतन आयोग में किए गए भेदभाव के कारण उनके प्रमोशन की संभावना खत्म हो गई है. एसोसिएशन के अनुसार स्टेशन मास्टर को पूरे करियर में सिर्फ एक प्रमोशन मिलेगा. इससे स्टेशन मास्टर की प्रगति रुक जाएगी.

रुदौली स्टेशन वासियों का कहना है कि नए वेतन आयोग में सिर्फ दो पे स्केल ₹4200 और ₹4600 है. इसका मतलब है कि उन्हें पूरे करियर में सिर्फ एक प्रमोशन मिलेगा. जबकि करियर के दौरान तीन पदोन्नति अनिवार्य है. इंडिया टुडे की खबर के अनुसार ₹4800 का पे स्केल सिर्फ फाइनेंसियल अपग्रेडेशन है. एसोसिएशन ने तीसरे मॉडिफाइड एश्योर्ड करियर प्रोग्रेशन स्कीम के लाभ मांगे हैं. इसमें स्टेशन मास्टर के इस स्ट्रेस और सेफ्टी अलाउंस का प्रावधान है. एसोसिएशन का एक प्रतिनिधिमंडल रेल राज्य मंत्री राजेन गोहेन से मिलकर उन्हें मांग पत्र भी सो चुका है.





इस बीच भारतीय रेलवे ने हड़ताल के कारण किसी अनहोनी की आशंका को बचाने के लिए रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स को जिम्मेदारी सौंपी है. आरपीएफ को हिदायत दी गई है कि कि वह स्टेशन मास्टर की हड़ताल से होने वाली दिक्कतों से निपटने के लिए स्थानीय अधिकारियों और प्रशासन की मदद ले सकते हैं. RPF को यह भी कहा गया है कि रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की सुविधा और ट्रेनों की आवाजाही में कोई गड़बड़ी नहीं होनी चाहिए.
आल इंडिया रेलवे मास्टर एसोसिएशन के महासचिव प्रदीप कुमार गुप्ता ने कहा कि रेल मंत्रालय स्टेशन मास्टर और स्टेशन अधीक्षक को फ्रंट लाइन का स्टाफ बताता है. इन्हें रेलवे का ब्रांड एंबेसडर कहा जाता है, लेकिन सुविधाओं के नाम पर यह वर्ग फिसड्डी है. न्यूनतम 3 वेतन वृद्धि मिलनी ही चाहिए. एसोसिएशन की मांग है कि स्टेशन मास्टर और स्टेशन अधीक्षक को ग्रेड पे ₹5400 तक पदोन्नति दी जाए. साथ ही सेंट्रल एकमोडेशन की सुविधा भी मिलनी चाहिए, जिससे ट्रेनों का मूवमेंट तनाव रहित होकर किया जा सके.
देश में बहुत बड़ी संख्या में ऐसे स्टेशन है जहां स्टेशन मास्टरों को शौच क्रिया के लिए कोई सुविधा नहीं मिलती. इसका असर उनके स्वास्थ्य पर पड़ रहा है और ट्रेनों की सुरक्षा और संरक्षा पर भी इसका असर पड़ सकता है. महासचिव ने कहा कि वह ट्रेन सेवा नहीं रोकेंगे. गांधीगीरी करते हुए स्टेशन मास्टर पूर्ववत अपनी ड्यूटी के आधार पर काम करेंगे, लेकिन 24 घंटे हंगर स्ट्राइक पर रहेंगे.

पेपर कटिंग ऑफ आल ओवर इंडिया - स्टेशन मास्टरों ने भूखे पेट किया काम

Aug 11, 2018

भुख हड़ताल पर संदेश - अपूर्व जानी JSG/AISMA

साथियो,
*आज के हंगर फ़ास्ट के कार्य्रकम को पूरे देश में अभूतपूर्व सफलता मिली है।* देश के कोने कोने से आज न्यूज़ आ रही है। व्हॉट्सएप्प एवं फेसबुक पर AISMA ही छाया हुआ है। *CEC के निर्देश पर, 1 मई के प्रोटेस्ट डे के बाद आज फिर एक बार सभी साथियो ने साबित कर दिया है कि वे सब हरघड़ी हरपल एस्मा के साथ है, एवं CEC को आस्वस्त कर दिया है कि आप आगे बढ़ो, आप के हर दिशा निर्देश का देश के हर कोने में शब्दसः पालन होगा।*
इस जोश और उत्साह को देखकर केंद्रीय नेतागण का उत्साह और भी बढ़ जाता है।

इस अपार सफलता का एक मात्र कारण आप सभी का उत्साह एवं केंद्रीय नेतागिरी पर आप सब का विश्वास है।

 आज ही कई जगह टीवी चैनल्स पर न्यूज़ आ चुकी है। कल के न्यूज़ पेपर में भी न्यूज़ आएंगे।
आज इस अवसर पर जॉन सर एवं धनञ्जय सर ने प्रशासन को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि अब तक के प्रोग्राम चेतावनी के लिए थे। *अगर अब भी हमारी मांगो के प्रति ध्यान नही दिया गया तो 28 नवम्बर के बाद हम कड़े कदम उठाएंगे, जिस की संपूर्ण जिम्मेदारी प्रशासन की रहेगी। हम एस्मा में कभी ये नही चाहते है कि देश को हमारी वजह से कोई नुकसान हो।*
हमारा तो नारा ही हे, *"AISMA IS FOR MASTERS' & MASTERS ARE FOR NATION"*... *"हम करे राष्ट्र आराधन"*। जब हम नौकरी में आते है तभी शपथ लेते है कि *चाहे कुछ भी हो जाये, रेल का पहिया रुकने नही देंगे।*
लेकिन प्रशासन में बैठे कुछ लोग हमारी शत प्रतिशत जायज मांगो को भी ठुकराकर हमें उद्विग्न करने की और सरकार के सामने उकसाने की कोशिश कर रहे है। इन लोगो को हम ये आखरी चेतावनी दे रहे है।
प्रशासन भी आज की हमारी इस एकता को देखकर सकते में आ गया है।

*साथियो, आज इस अवसर पर, आप सब ने जो जोश और जूनून के साथ हंगर फ़ास्ट प्रोग्राम को सफल बनाया है, इसके लिए आप सभी का में तहेदिल से शुक्रिया अदा करता हु।* बस इसी जज्बे को बनाये रखना है साथियो। आप सब का इसी तरह साथ और सहकार मिलता रहेगा तो एस्मा हमारे हको के लिए लड़कर हमारी मांगो को पूरा करवाने में जरूर सफल होगी।
फिर से एकबार धन्यवाद।
एस्मा जिंदाबाद।
जय एस्मा।
~अपूर्व जानी
JSG/AISMA

Hunger Strike Supported By Women Power Of AISMA

Hunger Strike  supported by Women Power Of AISMA

भुख हड़ताल पर संदेश - अमृत लाल मीना संगठन सचिव , कोटा मंडल पमरे

मेरे प्यारे स्टेशन मास्टर भाईयों और बहिनो

आज का दिन आईस्मा के इतिहास मे स्वर्णिम अक्षरों से लिखा जायेगा  , आज हम सभी ने अदम्य साहस व एकता परिचय देते हुये शान्तिपूर्ण तरीके 24 घंटे भूखे रहकर गाडियो का सुरक्षित संचालन किया , न ही किसी प्रकार की यात्रियों को असुविधा आने दी,   जिसके लिये मे सभी को नमन करता हु ,  आज हमारी एकता व सोहाद्र्पूर्ण रवैये से हर कोई चकित रह गया , हमारी गांधीवादी नीति ने सभी को सोचने पर मजबूर कर दिया , हमारी केन्द्रीय आईस्मा टीम नए जोश के साथ नित नये आयाम छु रही है और हम सभी 39000 स्टेशन मास्टर उनके पीछे खंभ की तरह अडिंग खडे है और किसी भी प्रकार की  परिस्थितियों से गुजरने के लिये तैयार है  हमारी एकता के आधार पर कहा जा सकता है की हमारी जायज मांगे अवश्य पुरी होगी ? हंगर फास्ट मे भाग लेने वाले प्रत्येक आईस्मा पदाधिकारी स्टेशन मास्टर को धन्यवाद ?   

आईस्मा जिन्दाबाद                 👏👏👏👏👏    अमृत लाल मीना        संगठन सचिव , कोटा मंडल  पमरे

क्यो स्टेशन मास्टर भुख हड़ताल पर ? जाने - क्या है स्टेशन मास्टर्स के प्रमुख मांगें .।



ऑल इंडिया स्टेशन मास्टर्स एसोसिएशन संगठन की ओर से शनिवार को लंबित मांगें मनवाने के लिए देशभर में 24 घंटे भूख-हड़ताल कर प्रशासन को जगाने का निश्चय किया है। भारतीय रेल के 35000 स्टेशन मास्टर्स इस हड़ताल में हिस्सा ले रहे है । मांगें जायज होने पर भी प्रशासन ने इस ओर कभी ध्यान नहीं दिया।

पूरे करियर में अन्याय पूर्ण "सिर्फ एक प्रमोशन"



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